Cyclone Arnab और पश्चिमी विक्षोभ के असर से दिल्ली-NCR और हरियाणा में मौसम ने करवट ले ली है। गुरुवार सुबह कई इलाकों में बादल छाए रहे और हल्की बूंदाबांदी हुई, जिससे तापमान में गिरावट और ठंड का अहसास बढ़ गया। मौसम विभाग ने Cyclone Arnab के कारन 29 से 31 अक्टूबर तक के लिए ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है।

इस दौरान तेज हवाएं, गरज-चमक और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है। पंचकूला, अंबाला, करनाल, पानीपत, सोनीपत, फरीदाबाद और पलवल समेत कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं, गुरुग्राम, रोहतक, हिसार, सिरसा और रेवाड़ी सहित अन्य इलाकों में भी हल्की बारिश या बूंदाबांदी के आसार हैं।
हरियाणा की अनाज मंडियों में खुले धान पर बारिश का खतरा
Cyclone Arnab के कारन मौसम में बदलाव ने किसानों और आढ़तियों की चिंता बढ़ा दी है। मंडियों में अभी करीब एक लाख मीट्रिक टन धान उठान के इंतजार में पड़ा है, जिसके बारिश में भीगने का खतरा है। रिपोर्ट के मुताबिक, चार दिन पहले हुई बारिश में भी खुले में रखा करीब दो लाख मीट्रिक टन धान भीग गया था।

ऐसे में दोबारा बारिश होने से किसानों को फसल खराब होने और आर्थिक नुकसान की आशंका सता रही है। किसानों को धान बचाने के लिए तिरपाल का सहारा लेना पड़ रहा है। कृषि विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि कटी हुई फसल को सुरक्षित और ढके हुए स्थान पर रखें तथा मौसम और नमी को ध्यान में रखकर कटाई करें।
तापमान में आएगी गिरावट, लोगों को सतर्क रहने की सलाह
Cyclone Arnab के कारन मौसम में आए इस बदलाव से दिल्ली-NCR और हरियाणा में दिन और रात के तापमान में गिरावट आने की संभावना है। इससे आने वाले दिनों में ठंड का असर बढ़ सकता है। तेज हवाओं और संभावित बारिश को देखते हुए लोगों को मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देने की सलाह दी गई है।

वहीं, मंडियों में खुले में रखे धान का जल्द उठान करना जरूरी है, ताकि बारिश से होने वाले नुकसान को कम किया जा सके। किसानों के लिए अगले कुछ दिन अहम रहेंगे, क्योंकि मौसम की स्थिति और धान के उठान की रफ्तार उनकी फसल की सुरक्षा तय करेगी।


